ड्रोन के जरिये महाराष्‍ट् के ग्रामीण क्षेत्रों की मैपिंग की जाएगी


बड़े पैमाने पर यह मानचित्रण परियोजना महाराष्‍ट्र सरकार के राजस्‍व एवं भू-अभिलेख विभाग के लिए भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय के अधीनस्‍थ 'सर्वे ऑफ इं‍डिया' द्वारा कार्यान्वित की जा रही है। इसके लिए प्रोफेशनल सर्वेक्षण श्रेणी के ड्रोन का उपयोग किया जा रहा है। इसके तहत महाराष्‍ट्र में 40,000 से भी अधिक ग्रामीण क्षेत्रों को कवर किया जा रहा है।


महाराष्‍ट्र -विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय के अधीनस्‍थ देश की राष्‍ट्रीय मानचित्रण एजेंसी 'सर्वे ऑफ इं‍डिया' ने महाराष्‍ट्र सरकार के राजस्‍व एवं भू-अभिलेख विभाग के साथ एक सहमति पत्र (एमओयू) पर हस्‍ताक्षर किए हैं। इसके तहत ड्रोन के जरिए महाराष्‍ट्र में ग्रामीण क्षेत्रों का बड़े पैमाने पर मानचित्रण किया जाएगा।


महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने 31 जुलाई, 2019 को अहमदनगर जिले के नीमगांव कोरहले में सर्वे ऑफ इंडिया द्वारा कार्यान्वित की जा रही ड्रोन आधारित मानचित्रण परियोजना का उद्घाटन किया। ग्रामीण विकास, महिला एवं बाल कल्‍याण मंत्री पंकजा गोपीनाथ मुंडे ; भारत के महासर्वेक्षक लेफ्टिनेंट जनरल गिरीश कुमार, वीएसएम; राजस्‍व एवं भू-अभिलेख आयुक्‍त; ग्रामीण विकास आयुक्‍त एवं महाराष्‍ट्र सरकार में आरडीडी सचिव और अनेक अन्‍य अधिकारी भी इस परियोजना के शुभारंभ के अवसर पर उपस्थित थे।


गांवों की सीमाओं के साथ-साथ इन गांवों में नहरों और नहरों की सीमाएं तय करने के कार्य में ड्रोन के जरिये किया जाने वाला सर्वेक्षण अत्‍यंत महत्‍वपूर्ण साबित होगा।