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आईआईएचएमआर फाउंडेशन द्वारा हेल्थकेयर समिट ‘उत्‍कर्ष 2024’

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० आशा पटेल ०  जयपुर । आईआईएचएमआर फाउंडेशन की इकाई- आईआईएचएमआर स्टार्टअप्स, जयपुर की ओर से उत्तरी भारत में पहली बार हेल्थकेयर इनोवेशन फेस्ट "उत्कर्ष-2024" का आयोजन किया गया। इसमें हेल्थकेयर क्षेत्र के कई विशेषज्ञ शामिल हुए। साथ ही 10 आईआईएचएमआर इनक्यूबेटेड स्टार्टअप्‍स के लिए इन्‍वेस्‍टर्स पिच किया गया, इनके द्वारा हेल्थकेयर पर केंद्रित 12 से अधिक वेंचर कैपिटल फर्मों को पिच किया गया। इस एक्सपो में 18 से अधिक स्टार्टअप्स की ओर से अपने इनोवेशन का प्रदर्शन किया गया, जिन्हें राज्य भर के 1000 से अधिक प्रतिभागियों ने देखा और विभिन्न सत्रों में 50 से अधिक हेल्थकेयर स्टार्टअप्स भी शामिल हुए। इस कार्यक्रम में उन स्टूडेंट्स के लघु व्यवसायों एवं स्टार्टअप्स को भी बढ़ावा दिया गया, जिन्होंने आईआईएचएमआर स्टार्टअप्स की महत्वपूर्ण पहल "बिजनेस बाजीगर" के बैनर तले अपने उद्यमों का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम ने आईआईएचएमआर के साथ एपेक्स, एचसीजी, सीके बिड़ला, बीएमसीएचआरसी और महात्मा गांधी हॉस्पिटल जैसे प्रमुख अस्पतालों के बीच ऐतिहासिक साझेदारी भी की गई। ये सभी हेल्थकेयर क्षेत्र में नवाचार औ

शक्ति वंदन महिलाओं का हौसला और उन्हें खुले आसमान में उड़ान का मौका देते हैं

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० आशा पटेल ०  जयपुर। नगर निगम ग्रेटर की ओर से जवाहर कला केन्द्र के शिल्पग्राम में आयोजित किये जा रहे तीन दिवसीय शक्ति वंदन कार्यक्रम का भव्य आगाज हुआ। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने फीता खोलकर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में राजस्थान की सहप्रभारी एवं शक्ति वंदन कार्यक्रम की राष्ट्रीय संयोजक विजया राहटेकर, पद्मश्री गुलाबो सपेरा, पद्मश्री माया टंडन, फेमिना मिस इंडिया 2020 की मान्यासिंह ने कार्यक्रम में शिरकत की एवं अपने अनुभव भी साझा किये । मेरी कहानी मेरी जुबानी सत्र के पैनल में माॅडरेटर महापौर डाॅ. सौम्या गुर्जर रही। कार्यक्रम में दिव्य ज्योति संस्थान की साध्वी लोकेशा ने वेद पाठ किया। इसके साथ ही कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण का केन्द्र रहे -एक चिट्ठी मोदी जी के नाम की स्टाॅल पर एक ही दिन में हजारों महिलाओं द्वारा मोदी के नाम चिट्ठी लिखी गई एवं पोस्ट की गई। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि विजया राहटेकर ने मेरी कहानी मेरी जुबानी में बताया कि वर्तमान समय में महिलायें केवल घर के चोके- चूल्हें तक सीमित नहीं है बल्कि वह पुरूष के साथ कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ रही है। उन्होंने बताया कि शक्ति वंदन क

10 मार्च को महिला दिवस पर शिमर मिसेज ग्रैंड फिनाले में दिखेंगी बॉलीवुड सिंगर शिबानी कश्यप

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० आशा पटेल ०  जयपुर ./ खुद की शक्ति को पहचान दूसरे को भी मोटिवेट करना, ऐसे जज्बे को सलाम करते हुए अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष में महिलाओं की छुपी प्रतिभा को पहचान देने के उद्देश्य से एंटरप्रेन्योर वूमेन आर्गेनाइजेशन की ओर से सशक्त महिला, सशक्त समाज की थीम पर ब्यूटी पेजेंट शिमर मिसेज राजस्थान का आयोजन नारायणा हॉस्पिटल, ज्योति विद्यापीठ यूनिवर्सिटी और एजुकेट गर्ल्स के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया जा रहा है। जिसका ग्रैंड फिनाले बिरला सभागार में 10 मार्च शाम 5:00 बजे आयोजित किया जाएगा। जिसमें बतौर सेलिब्रिटी गेस्ट बॉलीवुड प्लेबैक सिंगर शिबानी कश्यप क्राउनिंग और परफॉर्म करेंगी। इस ग्रेंड फिनाले की आयोजिका अलका अग्रवाल ने प्रेस वार्ता मे बताया की राजस्थान के विभिन्न जिलों से आई एंट्रीज में से 15 महिलाओं को चयनित किया गया, जिनके लिए 10 दिन के ग्रूमिंग सेशंस जिसमें ब्यूटी एंड स्किन केयर - पूर्णिमा गोयल, डायट एंड वैलनेस डॉक्टर- सुरभि पारीक, इमेज पर्सनालिटी, वॉक एंड ग्रूमिंग कुलदीप वर्मा, कैमरा फेसिंग ऑल अबाउट एक्टिंग स्टूडियो, पब्लिक स्पीकिंग - आर. जे देवांगना द्वारा एक्सपर्ट सेश

इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज हुआ 103 साल की उम्र में हर्निया का सफल ऑपरेशन

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० आशा पटेल ०  जयपुर। 103 साल की उम्र में हर्निया का ऑपरेशन करवाने वाले मरीज की हिम्मत और डॉक्टर्स के अनुभव की मिसाल पेश करने वाला यह केस अब और खास बन गया है। इटर्नल हॉस्पिटल में हुआ यह अनोखा केस अब इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में भी दर्ज हो गया है। शुक्रवार को इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स की अथॉरिटी ने इस केस को सफलतापूर्वक करने वाले हॉस्पिटल के सीनियर सर्जन डॉ डी एस मलिक और उनकी टीम को रिकॉर्ड दर्ज करने का सर्टिफिकेट दिया। इस दौरान आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में डॉक्टर्स और रिकॉर्ड टीम प्रेस से रूबरू हुई । डॉ. डी एस मलिक ने बताया कि मरीज को लंबे समय से हर्निया की समस्या थी लेकिन उम्र ज्यादा होने और अन्य समस्याओं के कारण वे सर्जरी नहीं करवा रहे थे। कुछ समय पहले से उनकी तकलीफ इतनी बढ़ गई कि चलते वक्त भी उन्हें हर्निया को हाथ से सपोर्ट देना पड़ता था। ऐसे में उन्होंने सर्जरी कराने का निर्णय लिया। इस हाई रिस्क सर्जरी में सीनियर एनेस्थेटिस्ट डॉ मोना बाना एवं उनकी टीम का विशेष योगदान रहा। ऑपरेशन के दूसरे दिन ही उन्होंने चलना फिरना शुरू कर दिया और तीसरे दिन उन्हें हॉस्पिटल से डिस्चार्ज भी कर दिया गया।

सुजॉय मुखर्जी का फिर से दिखेगा हुनर

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० आशा पटेल ०  कोटा / दादासाहेब फाळके पुरस्कार से सम्मानित सुजॉय मुखर्जी, सदाबहार अभिनेता स्वर्गीय जॉय मुखर्जी के सुपुत्र है और पिता की धरोहर को संभालते हुये उसे और उंचाइयों पर ले जाने को तत्पर सुजोय मुखर्जी एक ऐसा व्यक्तित्व है जिन्होंने "अब मुझे उड़ना है" इस शॉर्टफिल्म के लिए 40 से भी ज्यादा पुरस्कार प्राप्त किये है और अब वे फिर से अपना हुनर दिखाने को तैयार है। सुजॉय मुखर्जी फिल्म स्टूडियो के डायरेक्टर होने के साथ स्टूडियो का सारा बिजनेस भी संभालते है . जॉय मुखर्जी ने प्रोडकशन्स इन एसोसिएशन विद गुरू हरदयाल प्रोडक्शन के अधीन इस फिल्म का निर्माण किया गया हैं. हुनर एक प्रतिभा हैं, कहावत है, सत्य भी हैं और शाश्वत भी,हुनर कभी नहीं मरता, वो एक ना एक दिन अपने लक्ष्य पर पहुँच कर अपना परचम लहराता ही है और इसी बात को साबित किया है, सुजोय मुखर्जी के निर्देशन में बनी फ़िल्म हुनर, फिल्म फेस्टिवल में धूम मचाने को तैयार है। रोहित रॉय, मधुरीमा टुली, मास्टर विधान शर्मा और गुरु दयाल भैरवा को लेकर हुनर का निर्माण किया गया है. कहानी में दिखाया गया है की एक पिता अपने बच्चे मे उसके हुनर के ब

Lok Sabha Election 2024 लोक सभा चुनाव में यह पार्टी भी उतरेगी { Qutub Ma...

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आकाश ने बांग्ला भाषा में स्टडी मटेरियल लॉन्च की

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० संवाददाता द्वारा ०  कोलकाता : मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं के लिए छात्रों की तैयारी में राष्ट्रीय लीडर आकाश, ने पश्चिम बंगाल नीट (यूजी) उम्मीदवारों के लिए बांग्ला भाषा में अध्ययन सामग्री पेश करके एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। आकाश के दक्षिण कोलकाता केंद्र में आयोजित लॉन्च कार्यक्रम के दौरान परियोजना में शामिल भौतिकी, रसायन विज्ञान, वनस्पति विज्ञान और प्राणी शास्त्र विभागों के विभागाध्यक्षों और अन्य वरिष्ठ संकाय सदस्यों ने बंगाली संस्करण में अध्ययन सामग्री का अनावरण किया। नेशनल अकादमिक डायरेक्टर मेडिकल डिवीज़न नबीन कार्की ने बताया “1988 से अग्रणी रहे आकाश ने इस पहल को गंभीरता से लिया है। एक वर्ष से अधिक समय तक विशेषज्ञ टीम की कड़ी मेहनत के बाद, हम इसे संभव बना सके। मुझे यकीन है कि यह सामग्री जरूरत को पूरा करेगी और स्थानीय भाषा के छात्रों की तैयारी में जोरदार योगदान देगी।'' पिछले साल, पश्चिम बंगाल से 1,04,923 छात्रों ने नीट (यूजी) 2023 में पंजीकरण कराया था, जिनमें से 43,890 छात्रों ने बंगाली का विकल्प चुना था। नीट (यूजी) 2019 से 2023 तक के आंकड़े स्पष्ट रूप से छात्रों की