EWS के छात्रों को सरकारी नौकरी में आयु सीमा और आवेदन शुल्क में छूट की मांग
नयी दिल्ली - राष्ट्रीय जन जन पार्टी (RJJP) ने राजधानी दिल्ली समेत बिहार और उत्तर प्रदेश में आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग के छात्रों के अधिकारों को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। दिल्ली में विजय चौक पर राष्ट्रीय जन जन पार्टी के सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने कोरोना के मद्देनजर सामाजिक दूरी का पालन करते हुए गरीब सवर्ण (EWS) वर्ग के छात्रों की मांग को सरकार के सामने रखा।



 

पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष आशुतोष कुमार की अगुवाई में सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार से अपील की कि EWS के छात्रों को सरकारी नौकरी में आवेदन के दौरान आयु सीमा और आवेदन शुल्क में छूट दी जाए। आशुतोष कुमार ने कहा कि दूसरे आरक्षित वर्गों की तरह गरीब सवर्ण वर्ग के छात्र भी आर्थिक और सामाजिक परिस्थितियों की वजह से सही दिशा में आगे नहीं बढ़ पाते और मज़बूरन पढ़ाई में पिछड़ जाते हैं। आशुतोष कुमार ने कहा कि सरकार ने आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग के छात्रों को आरक्षण के नाम पर लॉलीपॉप दिया है जिसका कोई लाभ छात्रों को नहीं मिल रहा। उन्होंने ने केंद्र सरकार से पूछा कि जब EWS के छात्रों को आयु सीमा और आवेदन शुल्क में कोई छूट नहीं दी जा रही तो आरक्षण देने का क्या फायदा ?  




 

आशुतोष कुमार कहा है कि कोविड-19 को ध्यान में रखकर सामाजिक दूरी समेत सभी नियमों का पालन करते हुए प्रदर्शन किया गया लेकिन पुलिस और प्रशासन ने कार्यकर्ताओं को आगे बढ़ने नहीं दिया। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय जन जन पार्टी EWS  के छात्रों की मांग को केंद्र सरकार तक पहुंचाना चाहती है। पार्टी अध्यक्ष ने बताया कि सामाजिक दूरी का पालन करते हुए विरोध मार्च जैसे ही विजय चौक से आगे बढ़ा दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोक दिया। दिल्ली पुलिस ने कोविड-19 के लिए बने सामाजिक दूरी के नियम का उल्लंघन करते हुए 2 बस में 100 से ज्यादा कार्यकर्ताओं को भरकर हिरासत में ले लिया।

 

दिल्ली पुलिस ने राष्ट्रीय अध्यक्ष आशुतोष कुमार,  राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं संरक्षक मृणाल माधव, राष्ट्रीय अध्यक्ष विधी प्रकोष्ठ कौशिकेष कुमार समेत सैकड़ों कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया। जन जन पार्टी ने इस मुद्दे पर बिहार के 30 जिलों और उत्तर प्रदेश के 10 जिलों में प्रदर्शन किया।