संदेश

अगस्त 29, 2020 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

कविता // हाँ ! मैं गृहिणी हूँ’

चित्र
स्वीटी सिंघल ‘सखी’ एक रिश्तेदार ने  मेरी कविताएँ सुनकर फ़रमाया, या यूँ कहूँ कि तारीफ़ के बहाने  मेरा मज़ाक़ उड़ाया। बोले, “अच्छा लिख लेती हो! पर ये तो बताओ  इतना वक़्त कहाँ से लाती हो? अरे हाँ! तुम तो गृहिणी हो,  घर पर ख़ाली ही तो रहती हो।” बात मेरे दिल को कुछ खली, और हमेशा की तरह अंदर से बस कविता ही निकली। जी हाँ, मैं गृहिणी हूँ, कमाती नहीं, बस घर संभालती हूँ। क्या ग़लत है जो अपने जज़्बात  कविता में ढालती हूँ? जब पतिदेव चले जाते हैं अॉफिस और बच्चे अपने स्कूल, या घर पर होते हुए भी रहते हैं अपने कामों में मशगूल। तब इधर-उधर बिखरा सामान फिर क़रीने से लगाती हूँ, साथ मन में बिखरे बेतरतीब ख़्यालात समेटती जाती हूँ। कुर्सी मेज़ झाड़ते हुए जब पुरानी यादों की धूल झड़ जाती है, किसी अधूरी कविता में कुछ पक्तियाँ  अपने आप जुड़ जाती हैं। खाना बनाते हुए जब पुराने ज़ख़्म सिकने लगते हैं, खुद-ब-खुद मन के कोनों में दबे शब्द पिघलने लगते हैं। जब इस्तरी करने बैठती हूँ कपड़े  कई रिश्तों में सलवटें दिखाई पड़ती हैं, और सब ठीक करने की चाहत एक नई कविता गढ़ती है। धुले बर्तनों की चमक में  जब अपना अक्स निहारती

महिंद्रा ने बीएस- VI के मानक वाला मराज़ो लॉन्‍च किया

चित्र
नयी दिल्ली : महिंद्रा एंड महिंद्रा लिमिटेड, जो 19.4 बिलियन वाले महिंद्रा समूह का एक घटक है, ने  बीएस VI मानक वाला मराज़ो लॉन्‍च किया। भारत का सबसे सुरक्षित एमपीवी, मराज़ो अब 11.25 लाख रु. की शुरुआती कीमत से बीएस VI-मानक युक्‍त पावरट्रेन के साथ उपलब्‍ध होगा। नया वैरिएंट लाइन-अप समान रूप से महत्‍वपूर्ण है जो विकल्‍प को सरल बनाते हुए ग्राहक को अधिक मूल्‍य प्रदान करता है। अब मराज़ो तीन वैरिएंट्स में उपलब्‍ध हैं जिनके नाम हैं - M2, M4+ और M6+। ब्रांड के नये टॉप-वैरिएंट के रूप में, M6+ अब 17-इंच के डायमंड-कट एलॉय व्‍हील्‍स, स्‍टीयरिंग-एडेप्टिव गाइडलाइंस के साथ रियर पार्किंग कैमरा, ऑटोमेटिक टेंपरेचर कंट्रोल और ऑटोमेटिक ड्राइव-साइड विंडोज से लैस है। इसके अलावा, इसमें कई अन्‍य टॉप-एंड फीचर्स भी हैं जैसे - 7-इंच का टच स्‍क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्‍टम और महिंद्रा की इंडस्‍ट्री की पहली सराउंड कूल टेक्‍नोलॉजी। ये सभी खूबियां 13.51 लाख रु. की आकर्षक कीमत पर उपलब्‍ध है। नये मिड-वैरिएंट M4+ में अब 16-इंच के एलॉय व्‍हील्‍स के साथ अन्‍य आकर्षक खूबियां हैं, जो ग्राहकों के लिए 12.37 लाख रु. की शानदार कीमत

यूरोकिड्स इंटरनेशनल की ऑफ़लाइन होम स्‍कूलिंग किट,अभिभावक बच्‍चों की पढ़ाई में सहायता कर सकेंगे

चित्र
नयी दिल्ली : भारत की अग्रणी अर्ली चाइल्‍डहुड कंपनी, यूरोकिड्स इंटरनेशनल ने 2 से 4 वर्ष तक की उम्र के बच्‍चों (पीजी और नर्सरी) के लिए 26-हफ्ते का नया ऑफ़लाइन होम स्‍कूलिंग किट लॉन्‍च किया है। इस किट को उन अभिभावकों के लिए डिजाइन किया गया है जो अपने बच्‍चों के स्‍क्रीन टाइम को लेकर चिंतित हैं और लेकिन अपने बच्‍चों की पढ़ाई नियमित रूप से जारी रखने के इच्‍छुक हैं।  यूरोकिड्स होम स्‍कूलिंग, अभिभावकों के लिए एक पूर्णत: ऑफ़लाइन, आसान, संरचित एवं सुविधाजनक समाधान प्रदान करता है ताकि वो अपने छोटे बच्‍चों की भाषा, संख्‍या ज्ञान और विज्ञान कौशल सीखने की प्रक्रिया को निरंतर जारी रख सकें।  एजुकेशन एक्‍सपर्ट्स द्वारा डिजाइन किये गये, यूरोकिड्स इंटरनेशनल के होम स्‍कूलिंग किट में ऐसी गतिविधियां शामिल हैं जिनसे छोटे बच्‍चों की ग्रॉस एवं फाइन मोटर स्किल्‍स, समस्‍या समाधान, सूक्ष्‍म विचार, संज्ञानात्‍मक एवं रचनात्‍मक विकास कौशल का संवर्द्धन होगा और महामारी के दौरान भी उनका अध्‍ययन निर्बाध रूप से चलता रहेगा। अभिभावक, होम स्‍कूलिंग किट में एक्‍सपर्ट्स द्वारा तैयार किये गये विस्‍तृत दैनिक प्‍लान्‍स का उप

सिद्धार्थनगर के हथपरा गांव कांड में उपद्रवियों पर प्रशासन की चुप्पी

चित्र
गांव वालो ने कहा कि स्थिति तनावपूर्ण है। प्रशासन एक पक्षीय कार्यवाही कर रही है। दो अलग-अलग साम्प्रदाय के घरों की लड़ाई में नफ़रत की राजनीति करने वालों ने गाँव के मुस्लिम समुदाय को बलि का बकरा बना दिया। गाँव के मुस्लिम समुदाय के लोगों पर उपद्रवियों के दमन पर पुलिस प्रशासन की चुप्पी ख़तरनाक साबित हो रही है। उ०प्र० सिद्धार्थनगर : पीपुल्स एलाइंस प्रतिनिधिमंडल ने सिद्धार्थनगर के त्रिलोकपुर थाना के अंतर्गत हथपरा गाँव कांड का फैक्ट फाइंडिंग के लिए दौरा किया। हथपरा गांव में गुरुवार, 20 अगस्त शाम को दो पक्षों में जमीनी विवाद को लेकर जमकर ईंट-पत्थर चले। जिसमें दोनों पक्षों से कई लोग घायल हो गए। वंही ध्रुवराज चौधरी नामक बुजुर्ग को गंभीर चोट लगने से मौत हो गई। इस घटना को साम्प्रदायिक ताकतों ने राजनीतिक अवसर में तब्दील कर साम्प्रदायिक रंग दे दिया। जिसके बाद से उपद्रवियों ने गांव की स्तिथि को तनावपूर्ण बना दिया है। घटना के दूसरे दिन आसपास के गांव से सुबह उपद्रवियों ने उन्मादी नारा लगाते हुए गांव को घेर लिया। उसके बाद भीड़ ने मुस्लिम घरों को चिन्हित कर डेढ़ दर्जन से ज्यादा घरों को लूटा, तोड़फोड़, आगजनी औ